शिव मंदिर रेल विहार, करोल बाग जालंधर में भगवान श्री कृष्ण को छठी का उत्सव धूमधाम से मनाया गया

जालंधर,01,सितंबर,(Sunil Kumar)शिव मंदिर रेल विहार, करोल बाग जालंधर में भगवान श्री कृष्ण की छठी के पर्व को हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर मंदिर के पुजारी हरीश भारद्वाज जी ने बताया कि जैसे भगवान श्री कृष्ण की छठी का उत्सव मथुरा वृंदावन में भव्यता से साथ मनाया जाता है ठीक उसी तरह करोल बाग रेल विहार के निवासियों के सहयोग से ये उत्सव इलाके के शिव मंदिर में भी उसी तरह मनाया गया।
पुजारी हरीश भारद्वाज जी ने छठी की कहानी बताते हुए कहा कि जब कंस को पता चला कि उसे मारने वाला 6 दिन पहले ही गोकुल में पहुंच गया है तो कंस ने पूतना को आदेश दिया कि जितने भी छह दिन के बच्चे गोकुल में हैं, उनको मार दिया जाए। पूतना जब गोकुल पहुंची तो यशोदा ने बालकृष्ण को छिपा दिया। बालकृष्ण को छह दिन हो गए थे लेकिन उनकी छठी नहीं हुई, न नामकरण हुआ था। कृष्ण के छह दिन पूरे हो जाने के बाद जब यशोदा ने 6 दिन के बच्चों के मरने की सूचना सुनी तो वह घबरा गईं। पूतना के बारे में सुनने के बाद यशोदा जी ने माता पार्वती का ध्यान किया और उनसे कान्हा की सुरक्षा की प्रार्थना की तो जैसे ही पूतना बाल गोपाल को दूध पिलाने लगी तो कृष्ण जी ने 6 दिन के अंदर पूतना का वध कर दिया था, जिसके बाद मां यशोदा ने कान्हा की छठी मनाई। इसी वजह से हर साल जन्माष्टमी के 6 दिन बाद लड्डू गोपाल जी की छठी का पर्व मनाया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, कृष्ण छठी के दिन यदि माताएं इस कथा को सुनती हैं या पढ़ती हैं, तो इससे उनके संतान का स्वास्थ्य अच्छा रहता है, साथ ही लंबी उम्र का भी वरदान मिलता है।
इस शुभ अवसर पर इलाका निवासियों ने बढ़ चढ़ कर भाग लिया और भगवान कृष्ण का आशीर्वाद लेने के लिए शिव मंदिर रेल विहार करोल बाग में एकत्र हुए। इस अवसर पर मंदिर को भव्य फूलों और रोशनी कर खूबसूरती से सजाया गया था, जिससे मंदिर में सभी उपस्थित लोगों के लिए एक शांत और आध्यात्मिक माहौल बन गया। इस अवसर पर हरिनाम संकीर्तन मंडली द्वारा पारंपरिक प्रार्थनाएँ, भजन और अनुष्ठान अत्यंत भक्ति भाव के साथ किए गए, जिससे वातावरण सकारात्मकता और श्रद्धा से भर गया। मंदिर में कड़ी चावल का अनंत लंगर लगाया गया।
अंत में पुजारी हरीश भारद्वाज जी ने सभी भक्तो का धन्यवाद किया और बताया कि आगामी 15 सितंबर 2024 को राधा अष्टमी उत्सव भी इसी तरह धूमधाम से मनाया जायेगा।
