📰 *खाना खाते ही पेट में गैस क्यों बनने लगती है? कहीं आपकी खाने की आदतें तो नहीं हैं इसकी वजह! डॉ अर्चिता महाजन*
*खाने के तुरंत बाद पेट फूलना, डकार आना और भारीपन महसूस होना सामान्य नहीं मानना चाहिए;*
डॉ. अर्चिता महाजन

न्यूट्रिशन डाइटिशियन एवं चाइल्ड केयर, मास्टर्स डिग्री इन फूड, न्यूट्रिशन एंड डायटेटिक्स, होम्योपैथिक फार्मासिस्ट एवं ट्रेंड योगा टीचर, पद्म भूषण राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए नामांकित, पंजाब सरकार एवं हिमाचल सरकार द्वारा सम्मानित तथा लद्दाख के उपराज्यपाल श्री कविंदर गुप्ता जी द्वारा सम्मानित।ने बताया कि खाने की गति, अपच, एसिड रिफ्लक्स और कुछ खाद्य पदार्थ हो सकते हैं जिम्मेदार। खाना खाते ही पेट में गैस बनने लगना, बार-बार डकार आना या पेट में भारीपन महसूस होना कई लोगों की समस्या है। कुछ लोग इसे पेट में एसिड बढ़ने से जोड़ते हैं, जबकि इसके पीछे कई अलग-अलग कारण हो सकते हैं। वैज्ञानिक दृष्टिकोण से समझना जरूरी है कि हर बार खाना खाने के तुरंत बाद होने वाली परेशानी वास्तव में गैस बनने के कारण ही नहीं होती।
1. जल्दी-जल्दी खाना भी हो सकता है कारण
जब हम भोजन को अच्छी तरह चबाए बिना तेजी से खाते हैं, तो भोजन के साथ अधिक हवा पेट में जा सकती है। इससे डकार आने और पेट फूलने की समस्या बढ़ सकती है। खाते समय बहुत अधिक बोलना, स्ट्रॉ से पेय पीना और कार्बोनेटेड ड्रिंक्स लेना भी कुछ लोगों में परेशानी बढ़ा सकता है।
2. क्या पेट में एसिड बढ़ने से गैस बनती है?
जरूरी नहीं। पेट में एसिड भोजन को पचाने में मदद करता है। लेकिन यदि खाना खाने के बाद खट्टी डकारें, सीने में जलन या मुंह में खट्टा पानी आने लगे, तो यह एसिड रिफ्लक्स का संकेत हो सकता है। वहीं, पेट फूलना और बार-बार डकार आना दूसरी वजहों से भी हो सकता है।
3. दूध, दाल और कुछ सब्जियां भी हो सकती हैं जिम्मेदार
कुछ लोगों को दूध में मौजूद लैक्टोज पचाने में परेशानी होती है। इसी तरह राजमा, छोले, कुछ दालें, प्याज और कुछ अन्य खाद्य पदार्थ आंतों में बैक्टीरिया द्वारा किण्वित होने पर गैस बढ़ा सकते हैं। हालांकि, इसका अर्थ यह नहीं कि ये सभी खाद्य पदार्थ हर व्यक्ति के लिए नुकसानदायक हैं। परेशानी व्यक्ति की पाचन क्षमता और भोजन की मात्रा पर निर्भर करती है।
4. खाना खाते ही गैस बनने का मतलब क्या भोजन पच नहीं रहा?
यह एक आम गलतफहमी है। भोजन के तुरंत बाद पेट फूलने का कारण निगली गई हवा, पहले से मौजूद गैस या पाचन तंत्र की संवेदनशीलता भी हो सकती है। भोजन से बनने वाली गैस को आंतों तक पहुंचने और बनने में समय लग सकता है। इसलिए हर बार तुरंत होने वाली परेशानी को उसी समय खाए गए भोजन के कारण बनी गैस मानना सही नहीं है।
5. गैस से राहत पाने के लिए क्या करें?
🔹 भोजन धीरे-धीरे खाएं और प्रत्येक निवाले को अच्छी तरह चबाएं।
🔹 एक बार में बहुत अधिक भोजन करने से बचें।
🔹 खाना खाने के बाद 10–15 मिनट हल्की सैर करें।
🔹 यदि चाय, दूध, छोले या किसी विशेष खाद्य पदार्थ के बाद परेशानी होती है, तो उसके सेवन और लक्षणों का रिकॉर्ड रखें।
🔹 भोजन के तुरंत बाद लेटने से बचें, विशेषकर यदि सीने में जलन या खट्टी डकारें आती हों।
कब डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए?
यदि गैस की समस्या लगातार बनी रहती है या इसके साथ तेज पेट दर्द, बार-बार उल्टी, निगलने में परेशानी, मल में खून, बिना कारण वजन घटना अथवा लगातार पेट फूलना जैसे लक्षण हों, तो चिकित्सकीय जांच जरूरी है।
डॉ. अर्चिता महाजन के अनुसार, खाना खाते ही गैस बनने की शिकायत को केवल घरेलू नुस्खों से दबाने के बजाय उसके वास्तविक कारण को समझना चाहिए। सही खानपान, भोजन करने की आदतों में सुधार और जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय जांच से समस्या का उचित समाधान खोजा जा सकता है।
